Delhi Police: शाहाबाद डेरी में बहादुरी की मिसाल, घायल होने के बावजूद हिस्ट्रीशीटर दबोचा
दिल्ली पुलिस के शाहाबाद डेरी थाना क्षेत्र में तैनात हेड कांस्टेबल कुलदीप और कांस्टेबल नीरज ने साहस और कर्तव्यनिष्ठा की ऐसी मिसाल पेश की है, जिसकी पूरे इलाके में सराहना हो रही है। नियमित पेट्रोलिंग के दौरान दोनों पुलिसकर्मियों को सूचना मिली कि एक कुख्यात हिस्ट्रीशीटर लूटपाट की नीयत से हथियार लेकर इलाके में घूम रहा है और किसी भी वारदात को अंजाम दे सकता है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए दोनों पुलिसकर्मी तुरंत सतर्क हो गए और संदिग्ध की तलाश शुरू कर दी।
कुछ ही देर में पुलिसकर्मियों ने संदिग्ध को चिन्हित कर उसे रोकने की कोशिश की। जब उससे पूछताछ कर तलाशी लेने का प्रयास किया गया तो अपराधी ने अचानक चाकू निकालकर दोनों पुलिसकर्मियों पर हमला कर दिया। इस हमले में हेड कांस्टेबल कुलदीप और कांस्टेबल नीरज को कई गंभीर चोटें आईं। हालात और भी खतरनाक तब हो गए जब अपराधी ने चाकू के बाद एक देशी पिस्तौल निकाल ली और पुलिसकर्मियों को डराने की कोशिश की।
घायल होने के बावजूद दोनों पुलिसकर्मियों ने अद्भुत साहस का परिचय दिया और अपनी जान की परवाह किए बिना अपराधी को काबू में करने की कोशिश जारी रखी। संघर्ष के दौरान उन्होंने अपराधी को भागने का कोई मौका नहीं दिया और अंततः उसे दबोच कर गिरफ्तार कर लिया। इस बहादुरी भरे अभियान के दौरान इलाके में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया, लेकिन पुलिस की तत्परता से कोई बड़ा नुकसान नहीं हुआ।
गिरफ्तार किए गए आरोपी के पास से एक लोडेड देसी कट्टा और एक चाकू बरामद किया गया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि यह अपराधी पहले भी 12 से अधिक आपराधिक मामलों में शामिल रह चुका है और इलाके में लंबे समय से दहशत का कारण बना हुआ था। उसकी गिरफ्तारी से स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है।
दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने घायल पुलिसकर्मियों की बहादुरी की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह का साहस पुलिस बल की असली ताकत है। दोनों पुलिसकर्मियों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि दिल्ली पुलिस आम जनता की सुरक्षा के लिए हर हाल में अपराधियों का डटकर सामना करती है।



