Delhi Crime: क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई — सनी साई गैंग के हथियार सप्लायर गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक अंतरराज्यीय अवैध हथियार तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए राजधानी में बड़ी सफलता हासिल की है। डीसीपी हर्ष इंदौरा के नेतृत्व में पुलिस की टीम ने सनी साई गैंग के मुख्य हथियार सप्लायर गुरमीत सिंह (27) और उसके सहयोगी सुमित (27) को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपी लंबे समय से एनसीआर और राजस्थान के विभिन्न गैंगस्टर्स को अवैध हथियारों की सप्लाई कर रहे थे। पुलिस ने इनके कब्जे से दो पिस्टल, पांच देसी कट्टे, एक 12 बोर बंदूक, 11 जिंदा कारतूस, 27 खाली कारतूस और एक चोरी की सियाज़ कार बरामद की है।
क्राइम ब्रांच को सूचना मिली थी कि गुरमीत सिंह उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के सरूरपुर गांव में ठिकाना बनाए हुए है और वहीं से हथियारों की सप्लाई का काम कर रहा है। सूचना के आधार पर इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार और मंजीत सिंह के नेतृत्व में टीम ने गांव में छापा मारा और गुरमीत को ट्यूबवेल के पास बने एक कमरे से गिरफ्तार किया, जहां वह हथियारों की टेस्ट फायरिंग कर रहा था।
पूछताछ के दौरान खुलासा हुआ कि गुरमीत पिछले कुछ वर्षों से अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त में सक्रिय था। वह उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश से देसी कट्टे और पिस्टल मंगवाता था और फिर उन्हें एनसीआर, हरियाणा और राजस्थान के बदमाशों को ऊंचे दामों पर बेच देता था। जिन गैंगस्टर्स को वह हथियार सप्लाई करता था, उनमें सनी साई, सलाम त्यागी और सद्दाम गौरी जैसे कुख्यात अपराधी शामिल हैं। गुरमीत के नेटवर्क के जरिए कई बड़ी वारदातों में इस्तेमाल किए गए हथियारों की सप्लाई की गई थी।
गुरमीत की निशानदेही पर पुलिस ने नोएडा निवासी सुमित को भी गिरफ्तार किया, जो एक लूटी हुई कार में घूम रहा था। तलाशी के दौरान उसके पास से एक पिस्टल और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए। सुमित पर जयपुर पुलिस की ओर से ₹10,000 का इनाम घोषित था। दोनों आरोपियों से पूछताछ के दौरान पुलिस को कई अहम जानकारियां मिली हैं, जिनके आधार पर अन्य सहयोगियों और सप्लायरों की तलाश की जा रही है।
क्राइम ब्रांच अब यह भी जांच कर रही है कि यह नेटवर्क किन-किन राज्यों में फैला हुआ था और किन अपराधियों को अब तक हथियार उपलब्ध कराए गए हैं। पुलिस ने बरामद हथियारों को फॉरेंसिक जांच के लिए भेज दिया है और आगे की जांच में अन्य गैंग से जुड़े तारों को सुलझाने पर काम चल रहा है।



