Delhi Crime: मंडावली पुलिस ने चोरी और सेंधमारी गिरोह का किया पर्दाफाश, दो आरोपी गिरफ्तार
पूर्वी दिल्ली के मंडावली थाना पुलिस ने चोरी और सेंधमारी के मामलों का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से नकदी, चांदी के गहने, पीतल के बर्तन, सिलाई मशीन, पानी के मोटर, गैस सिलेंडर और अन्य घरेलू सामान बरामद किया है। पुलिस की इस कार्रवाई को इलाके में संपत्ति संबंधी अपराधों के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है।
पुलिस के अनुसार यह मामला मंडावली इलाके के बुद्धा मार्ग स्थित एक घर में चोरी की घटना से जुड़ा है। 14 मई 2026 को दर्ज ई-एफआईआर में शिकायतकर्ता ने घर से नकदी, चांदी के गहने, पीतल के बर्तन और सिलाई मशीन चोरी होने की जानकारी दी थी। जांच के दौरान पुलिस को इलाके में पानी के मोटर और मीटर चोरी की अन्य घटनाओं की भी जानकारी मिली, जिसके बाद मामले को गंभीरता से लिया गया।
मामले की जांच के लिए विशेष टीम का गठन किया गया। पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और तकनीकी निगरानी के साथ स्थानीय मुखबिरों की मदद से आरोपियों की पहचान की। लगातार जांच और छापेमारी के बाद पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 29 वर्षीय अभिषेक और 26 वर्षीय अर्जुन के रूप में हुई है। अभिषेक पश्चिम विनोद नगर का रहने वाला है, जबकि अर्जुन मंडावली इलाके का निवासी है। दोनों मजदूरी का काम करते हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार अभिषेक पहले भी पांच आपराधिक मामलों में शामिल रह चुका है, जबकि अर्जुन पर एक पुराना मामला दर्ज है।
पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने कई चोरी और सेंधमारी की वारदातों में शामिल होने की बात कबूल की। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने चोरी का सामान बरामद किया। बरामद सामान में 2400 रुपये नकद, चांदी की बिछिया, चूड़ियां, ब्रैसलेट, हथफूल, पीतल के बर्तन और सिलाई मशीन शामिल हैं।
इसके अलावा पुलिस ने चार चोरी किए गए पानी के मोटर भी बरामद किए हैं। एक अन्य मामले में आरोपियों के कब्जे से आधार कार्ड, पासपोर्ट और गैस सिलेंडर भी बरामद किया गया। पुलिस का कहना है कि आरोपियों का संबंध इलाके में हुई कई अन्य चोरी की घटनाओं से भी सामने आया है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मंडावली थाना पुलिस की सतर्कता, तकनीकी जांच और लगातार निगरानी के कारण इन मामलों का खुलासा संभव हो सका। फिलहाल आरोपियों से पूछताछ जारी है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इनके साथ और कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं।



