Auto Lifter Arrest: पूर्वी दिल्ली में वाहन चोरों पर पुलिस का शिकंजा, 2 ऑटो लिफ्टर गिरफ्तार; चोरी की एक्टिवा और TVS Apache बरामद
नई दिल्ली। पूर्वी दिल्ली में लगातार सामने आ रही वाहन चोरी की वारदातों पर लगाम लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत पटपड़गंज इंडस्ट्रियल एरिया थाना पुलिस ने दो कथित ऑटो लिफ्टरों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान 25 वर्षीय सनी और 22 वर्षीय विशाल के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर चोरी की एक Honda Activa स्कूटी और एक TVS Apache मोटरसाइकिल बरामद की है।
पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी और वाहनों की बरामदगी से मोटर व्हीकल चोरी के तीन मामलों का खुलासा हुआ है। ये मामले पटपड़गंज इंडस्ट्रियल एरिया, लक्ष्मी नगर और शकरपुर थाना क्षेत्रों से जुड़े बताए गए हैं। पुलिस अब दोनों आरोपियों से पूछताछ कर वाहन चोरी की अन्य वारदातों में उनकी संभावित भूमिका की जांच कर रही है।
मामले की शुरुआत 18 अगस्त 2026 को हुई एक वाहन चोरी की घटना से हुई। पुलिस के अनुसार, EDM मॉल के पास सब्जी मंडी रोड स्थित शराब की दुकान के नजदीक से एक Honda Activa स्कूटी चोरी हो गई थी। वाहन मालिक को स्कूटी नहीं मिलने पर मामले की सूचना पुलिस को दी गई।
इस संबंध में 19 अगस्त को पटपड़गंज इंडस्ट्रियल एरिया थाने में शिकायत दर्ज की गई और E-MVT No. 19337/2026 के तहत जांच शुरू की गई। वाहन चोरी के मामले को सुलझाने के लिए पुलिस टीम ने घटनास्थल और उसके आसपास के क्षेत्रों की जांच की।
पुलिस ने चोरी वाले स्थान और आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की। फुटेज के जरिए संदिग्धों की गतिविधियों और उनके आने-जाने के रास्तों का पता लगाने का प्रयास किया गया। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर सूत्रों से जानकारी जुटाकर संभावित आरोपियों की पहचान करने की कोशिश की गई।
पुलिस के मुताबिक, CCTV फुटेज और स्थानीय जानकारी से मिले सुरागों को जोड़ते हुए जांच टीम सनी और विशाल तक पहुंची। दोनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई और जांच के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों की कथित संलिप्तता वाहन चोरी की अन्य वारदातों में भी सामने आई। इसके बाद पुलिस ने आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर चोरी किए गए अन्य वाहनों की तलाश शुरू की।
आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने एक Honda Activa स्कूटी बरामद की, जिसका संबंध लक्ष्मी नगर थाना क्षेत्र में दर्ज वाहन चोरी के मामले से बताया गया है। इसके अलावा एक TVS Apache मोटरसाइकिल भी बरामद की गई, जो शकरपुर थाना क्षेत्र से चोरी हुई थी।
पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार आरोपियों और बरामद वाहनों की जांच के आधार पर तीन मोटर व्हीकल चोरी के मामलों का खुलासा हुआ है। अब पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि दोनों आरोपियों ने इसके अलावा कितनी अन्य वाहन चोरी की वारदातों को अंजाम दिया है।
गिरफ्तार आरोपी सनी इंदिरा कॉलोनी, मंडावली का रहने वाला बताया गया है। पुलिस के अनुसार, वह मधु विहार थाने का BC/History-Sheeter है और उसके खिलाफ विभिन्न थानों में पहले से नौ आपराधिक मामलों में संलिप्तता दर्ज है।
दूसरे आरोपी विशाल की उम्र 22 वर्ष बताई गई है और वह पंडित मोहल्ला, मंडावली का रहने वाला है। पुलिस के मुताबिक, विशाल के खिलाफ भी पहले से चार आपराधिक मामलों में संलिप्तता सामने आ चुकी है। उसके पुराने रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।
पुलिस दोनों आरोपियों से यह जानने का प्रयास कर रही है कि चोरी किए गए वाहनों का आगे क्या किया जाता था। जांच का एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि क्या दोनों किसी बड़े वाहन चोरी नेटवर्क से जुड़े हुए हैं और चोरी के वाहनों को खरीदने या बेचने में अन्य लोग भी शामिल हैं।
पूर्वी दिल्ली में वाहन चोरी के मामलों को देखते हुए पुलिस लगातार CCTV निगरानी, संदिग्धों की जांच, गश्त और पुराने अपराधियों की गतिविधियों पर नजर रखने जैसी कार्रवाई कर रही है। पुराने वाहन चोरों और चोरी के वाहन खरीदने वाले संभावित रिसीवरों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
पुलिस का कहना है कि वाहन चोरी की घटनाओं को रोकने के लिए आम लोगों की सतर्कता भी महत्वपूर्ण है। वाहन मालिकों को अपने दोपहिया और चारपहिया वाहन सुरक्षित एवं निर्धारित स्थानों पर पार्क करने और अतिरिक्त सुरक्षा उपकरणों का इस्तेमाल करने की सलाह दी गई है।
पूर्वी जिला पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वाहन में एंटी-थेफ्ट डिवाइस और अतिरिक्त लॉक जैसी सुरक्षा व्यवस्था का इस्तेमाल करें। वाहन चोरी होने या किसी संदिग्ध व्यक्ति अथवा गतिविधि की जानकारी मिलने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें।
फिलहाल सनी और विशाल से पूछताछ के साथ उनकी कथित आपराधिक गतिविधियों की पूरी कड़ी खंगाली जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि दोनों के साथ और कौन-कौन लोग जुड़े हैं, चोरी के वाहन कहां खपाए जाते थे और क्या उनकी गिरफ्तारी से वाहन चोरी के कुछ और मामलों का भी खुलासा हो सकता है।



