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Delhi Crime: ईस्ट डिस्ट्रिक्ट एंटी नारकोटिक्स स्क्वॉड की बड़ी कार्रवाई, इंटर-स्टेट ड्रग सिंडिकेट का भंडाफोड़, ओडिशा से सप्लायर गिरफ्तार

Delhi Crime: ईस्ट डिस्ट्रिक्ट एंटी नारकोटिक्स स्क्वॉड की बड़ी कार्रवाई, इंटर-स्टेट ड्रग सिंडिकेट का भंडाफोड़, ओडिशा से सप्लायर गिरफ्तार

दिल्ली पुलिस के ईस्ट डिस्ट्रिक्ट की एंटी नारकोटिक्स स्क्वॉड (ANS) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय ड्रग तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य सप्लायर आकाश कुमार डिगल को ओडिशा के कंधमाल जिले के जंगल इलाके से गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी कई जिलों में पीछा करने और लगातार तकनीकी निगरानी के बाद संभव हो पाई है।

पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई एक बड़े NDPS केस की जांच के दौरान सामने आई, जिसमें पहले ही 21 किलो 730 ग्राम गांजा (कमर्शियल क्वांटिटी) और 46 ग्राम स्मैक बरामद की जा चुकी थी। बरामद नशीले पदार्थों की अवैध बाजार में कीमत लगभग 12 लाख रुपये आंकी गई है। इस केस में पहले दो तस्करों अकबर और फिरोज खान को गिरफ्तार किया गया था, जिसमें फिरोज खान पर यूपी गैंगस्टर एक्ट के तहत भी मामला दर्ज है।

जांच के दौरान फिरोज खान ने खुलासा किया कि उसे गांजा ओडिशा के कंधमाल जिले में रहने वाले सप्लायर आकाश कुमार डिगल से मिलता था, जिसे वह दिल्ली-एनसीआर में छोटे-छोटे हिस्सों में सप्लाई करता था। इसके बाद पुलिस ने पूरे नेटवर्क को खत्म करने के लिए मुख्य स्रोत तक पहुंचने की रणनीति बनाई।

एंटी नारकोटिक्स स्क्वॉड की एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसने लगातार तकनीकी निगरानी, लोकेशन ट्रैकिंग और कई जिलों में छापेमारी की। आरोपी आकाश कुमार डिगल गिरफ्तारी से बचने के लिए अपने सभी मोबाइल नंबर बंद कर चुका था और जंगल क्षेत्र में छिपा हुआ था।

26 मार्च 2026 को मिली ताजा खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस टीम ने कंधमाल से भुवनेश्वर तक उसका पीछा किया और आखिरकार उसे गिरफ्तार कर लिया। 28 मार्च को आरोपी को दिल्ली लाया गया और उसे मामले में औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया।

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसका गांव घने जंगल क्षेत्र में स्थित है, जहां पहाड़ियों में गांजा उगता है और वहां पुलिस की पहुंच सीमित रहती है। इसी का फायदा उठाकर उसने गांजा सप्लाई का अवैध धंधा शुरू किया। वह पिछले 2-3 साल से इस नेटवर्क में सक्रिय था और जल्दी पैसे कमाने के लालच में इस काम में शामिल हुआ।

पुलिस के अनुसार, आरोपी एक संगठित इंटर-स्टेट ड्रग सिंडिकेट का हिस्सा है, जो दिल्ली, उत्तर प्रदेश और ओडिशा के बीच सक्रिय था। इस नेटवर्क को खत्म करने के लिए पुलिस अब आगे की कड़ियों की तलाश कर रही है और अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है।

इस कार्रवाई को दिल्ली पुलिस के लिए बड़ी सफलता माना जा रहा है, जिसने न सिर्फ ड्रग सप्लाई चेन को तोड़ा है बल्कि नशे के अवैध कारोबार पर भी बड़ा प्रहार किया है। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि ड्रग तस्करों के खिलाफ “टॉप टू बॉटम” कार्रवाई जारी रहेगी।

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