Illegal Arms: नंद नगरी पुलिस का बड़ा एक्शन, सक्रिय बदमाश रोहित उर्फ पॉली गिरफ्तार; 2 अवैध पिस्तौल और कारतूस बरामद
नई दिल्ली। उत्तर-पूर्वी दिल्ली के नंद नगरी थाना पुलिस ने अवैध हथियारों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 29 वर्षीय कथित सक्रिय बदमाश रोहित उर्फ पॉली को गिरफ्तार किया है। पुलिस का दावा है कि आरोपी के कब्जे से एक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल, एक देसी कट्टा, तीन जिंदा कारतूस और दो चले हुए कारतूस बरामद किए गए हैं। आरोपी नंद नगरी इलाके का रहने वाला है और पुलिस के मुताबिक उसके खिलाफ पहले से हत्या के प्रयास, लूट और आर्म्स एक्ट समेत पांच आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस के अनुसार मामले की जांच की शुरुआत 11 सितंबर की शाम हुई। करीब 6:05 बजे ASI प्रमोद, हेड कांस्टेबल अशोक और कांस्टेबल दीपक इलाके में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान पुलिस टीम को एक संदिग्ध व्यक्ति और अवैध हथियार से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी मिली।
पुलिस को बताया गया कि 4 सितंबर को नंद नगरी के सी-ब्लॉक स्थित एक पार्क के पास एक व्यक्ति को पिस्तौल में कारतूस लोड करते हुए देखा गया था। मामला अवैध हथियार से जुड़ा होने के कारण पुलिस ने तत्काल इसकी जांच शुरू की।
सबसे पहले पुलिस टीम ने उस इलाके में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली, जहां संदिग्ध व्यक्ति के दिखाई देने की जानकारी मिली थी। अलग-अलग कैमरों की रिकॉर्डिंग की जांच के दौरान पुलिस को एक महत्वपूर्ण फुटेज मिली।
पुलिस के मुताबिक CCTV फुटेज में आसमानी रंग की टी-शर्ट और काली टोपी पहने एक व्यक्ति दिखाई दिया। वह कथित तौर पर अपने हाथ में मौजूद पिस्तौल में कारतूस लोड कर रहा था। फुटेज में उसके साथ एक अन्य व्यक्ति भी मौजूद दिखाई दिया।
CCTV में संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने के बाद पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती संबंधित व्यक्ति की पहचान करना था। टीम ने स्थानीय स्तर पर जानकारी जुटानी शुरू की और संदिग्ध की पहचान के लिए अलग-अलग सुरागों पर काम किया।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि CCTV फुटेज में दिखाई दे रहे संदिग्ध व्यक्ति का भाई नंद नगरी के सी-1 ब्लॉक स्थित तांगा स्टैंड इलाके में मोबाइल रिपेयरिंग की दुकान चलाता है।
इसके बाद पुलिस टीम दुकान पर पहुंची और दुकान संचालक साजन से संपर्क किया। पुलिस ने उसे CCTV फुटेज दिखाई और वीडियो में नजर आ रहे व्यक्ति के बारे में जानकारी मांगी।
पुलिस के मुताबिक साजन ने फुटेज में पिस्तौल लोड करते हुए दिखाई दे रहे व्यक्ति की पहचान अपने बड़े भाई रोहित उर्फ पॉली के रूप में की। इसके बाद पुलिस ने रोहित के बारे में और जानकारी जुटानी शुरू की।
जांच में सामने आया कि 29 वर्षीय रोहित उर्फ पॉली नंद नगरी के डी-ब्लॉक का रहने वाला है। पुलिस के अनुसार वह नशे का आदी है और परिवार ने 5 सितंबर को उसे एक नशामुक्ति केंद्र में भर्ती कराया था।
यह जानकारी मिलने के बाद पुलिस टीम संबंधित नशामुक्ति केंद्र पहुंची। वहां रोहित से CCTV फुटेज के संबंध में पूछताछ की गई।
पुलिस का दावा है कि पूछताछ के दौरान रोहित ने CCTV फुटेज में दिखाई दे रहे व्यक्ति के रूप में अपनी पहचान स्वीकार की। उसने वीडियो में उसके साथ मौजूद दूसरे व्यक्ति के बारे में भी पुलिस को जानकारी दी।
इसके बाद पुलिस ने अवैध हथियारों की बरामदगी के लिए जांच आगे बढ़ाई। आरोपी से मिली जानकारी के आधार पर उसके घर की तलाशी ली गई।
पुलिस के मुताबिक तलाशी के दौरान एक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल बरामद हुई। इसके साथ दो जिंदा कारतूस भी मिलने का दावा किया गया है।
इसके अलावा पुलिस ने एक देसी कट्टा भी बरामद किया। इसके साथ एक जिंदा कारतूस मिला। तलाशी के दौरान दो चले हुए कारतूस भी बरामद किए जाने की बात पुलिस ने कही है।
इस तरह पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर कुल दो अवैध हथियार, तीन जिंदा कारतूस और दो चले हुए कारतूस बरामद करने का दावा किया है। बरामद हथियारों को कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
मामले में नंद नगरी थाने में आर्म्स एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी के पास ये हथियार कहां से आए थे।
जांच का एक महत्वपूर्ण पहलू हथियारों की सप्लाई चेन तक पहुंचना है। पुलिस यह जानने का प्रयास कर रही है कि रोहित ने पिस्तौल और देसी कट्टा किस व्यक्ति से हासिल किया और इसके बदले किसी तरह का भुगतान किया गया था या नहीं।
दो चले हुए कारतूस मिलने के कारण पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इन हथियारों का इस्तेमाल पहले कहीं फायरिंग या किसी अन्य आपराधिक गतिविधि में तो नहीं किया गया था। इस संबंध में उपलब्ध रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है।
CCTV फुटेज में रोहित के साथ दिखाई देने वाले दूसरे व्यक्ति की भूमिका भी जांच के दायरे में है। पुलिस उसकी पहचान और गतिविधियों के संबंध में जानकारी जुटा रही है।
पुलिस के मुताबिक आरोपी रोहित उर्फ पॉली नंद नगरी थाने का BC यानी बैड कैरेक्टर है। उसके खिलाफ पहले से पांच आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी दी गई है।
इन मामलों में हत्या के प्रयास, लूट और आर्म्स एक्ट से जुड़े मामले शामिल बताए गए हैं। पुलिस आरोपी के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि वर्तमान में बरामद हथियारों का संबंध किसी अन्य अपराध से तो नहीं है।
पुलिस के लिए अब सबसे महत्वपूर्ण सवाल यह है कि आरोपी को अवैध हथियार उपलब्ध कराने वाला व्यक्ति कौन है। हथियारों के स्रोत तक पहुंचने के लिए आरोपी से पूछताछ की जा रही है।
इसके साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपी किसी बड़े अवैध हथियार नेटवर्क के संपर्क में था या हथियार किसी स्थानीय व्यक्ति के जरिए हासिल किए गए थे।
पुलिस बरामद हथियारों और कारतूसों को जांच के लिए भेज सकती है, ताकि उनकी प्रकृति और संभावित इस्तेमाल के बारे में अधिक जानकारी मिल सके। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल नंद नगरी पुलिस ने रोहित उर्फ पॉली को गिरफ्तार कर आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। दो अवैध पिस्तौल, तीन जिंदा कारतूस और दो चले हुए कारतूस बरामद किए जाने के बाद पुलिस का फोकस अब हथियारों के स्रोत, सप्लाई नेटवर्क और CCTV में दिखाई दिए दूसरे व्यक्ति की भूमिका का पता लगाने पर है।



