Delhi Crime: इंटर स्टेट सेल क्राइम ब्रांच दिल्ली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, करोड़ों के साइबर फ्रॉड नेटवर्क का भंडाफोड़
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच की इंटर स्टेट सेल ने साइबर अपराध के खिलाफ एक बड़ी और अहम कार्रवाई करते हुए अंतरराज्यीय स्तर पर फैले एक बड़े साइबर फ्रॉड नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। इस ऑपरेशन में दो अलग-अलग मामलों में दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनके जरिए करोड़ों रुपये के मनी ट्रेल का खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया है कि यह गिरोह देश के कई राज्यों में फैले बैंक खातों और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के जरिए लोगों को ठग रहा था।
पुलिस जांच के अनुसार आरोपी अत्याधुनिक साइबर फ्रॉड तकनीकों का इस्तेमाल कर रहे थे। इनमें डिजिटल अरेस्ट स्कैम, फर्जी व्हाट्सएप निवेश ग्रुप बनाकर लोगों को झांसे में लेना, नकली ट्रेडिंग ऐप्स जैसे Cventura और Verger के माध्यम से निवेश के नाम पर ठगी करना और कमीशन के बदले लेयर्ड म्यूल बैंक अकाउंट्स का इस्तेमाल शामिल है। इन तरीकों से आम लोगों के साथ-साथ एक एनआरआई अमेरिकी नागरिक को भी निशाना बनाया गया।
अब तक की जांच में करीब 61 लाख रुपये से अधिक की ठगी का खुलासा हुआ है, जबकि पुलिस को आशंका है कि यह रकम इससे कहीं ज्यादा हो सकती है। आरोपियों के पास से 38 एटीएम कार्ड, 51 चेक बुक, कई मोबाइल फोन, एक लैपटॉप, एक वाहन और नकद राशि बरामद की गई है। जब्त किए गए दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के जरिए पुलिस को साइबर फ्रॉड के पूरे नेटवर्क को समझने में अहम सुराग मिले हैं।
इस पूरी कार्रवाई में क्राइम ब्रांच की टीम ने बेहतरीन तालमेल और तकनीकी दक्षता का परिचय दिया। इंस्पेक्टर सतेंद्र खारी, इंस्पेक्टर कमल कुमार, एसीपी रमेश लाम्बा और डीसीपी आदित्य गौतम के नेतृत्व में की गई इस कार्रवाई को बड़ी सफलता माना जा रहा है। वरिष्ठ अधिकारियों ने टीम की सराहना करते हुए कहा कि साइबर अपराध के खिलाफ दिल्ली पुलिस की जीरो टॉलरेंस नीति जारी रहेगी।



